25 नवम्बर 2016 करेण्ट अफेयर्स

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25 Nov, 2016

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कर्रेंट अफेयर्स,


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1) क्रेडिट सुइस (Credit Suisse) द्वारा नवम्बर 2016 के दौरान जारी किए गए वैश्विक सम्पत्ति से सम्बन्धित आंकड़ों (data on global wealth) के अनुसार भारत (India) के सबसे धनी 1% लोगों के पास देश की कुल सम्पत्ति में कितनी हिस्सेदारी है? – 58.4%

विस्तार: भारत के सबसे धनी 1% लोगों के पास देश की कुल सम्पत्ति में 58.4% हिस्सेदारी है। यह जानकारी स्विट्ज़रलैण्ड (Switzerland) के ज़्यूरिख (Zurich) में मुख्यालय वाली प्रमुख वित्तीय सेवा कम्पनी क्रेडिट सुइस ग्रुप एजी (Credit Suisse Group AG) द्वारा नवम्बर 2016 के दौरान जारी नवीनतम वैश्विक सम्पत्ति सम्बन्धी आंकड़ों से मिली है।

उल्लेखनीय है कि पिछले साल (2015 में) सबसे धनी 1% लोगों के पास देश की कुल सम्पत्ति में 53% हिस्सेदारी थी। वहीं पिछले दो सालों के दौरान इस वर्ग की सम्पत्ति में हिस्सेदारी काफी तेजी से बढ़ी है – वर्ष 2014 के 49% से अब 58.4%।

उल्लेखनीय है कि इस अत्यंत धनी वर्ग की देश की कुल सम्पत्ति में हिस्सेदारी में पिछले कुछ सालों में तेजी से वृद्धि हुई है। यह हिस्सेदारी वर्ष 2010 में 40.3% से बढ़कर 2014 में 49% हो गई थी। वहीं सबसे निचले वर्ग में आने वाली देश की आधी जनसंख्या की देश की कुल सम्पत्ति में मात्र 2.1% हिस्सेदारी है।

इससे यह स्पष्ट होता है कि भारत में सम्पत्ति के बंटवारे के मामले में भारी सामाजिक असमानता व्याप्त है। यदि भारत की तुलना इस सम्बन्ध में कुछ अन्य देशों से की जाय तो चीन (China) में यह आंकड़ा 43.8%, इण्डोनेशिया (Indonesia) में 49.3%, ब्राज़ील (Brazil) में 47.9% तथा दक्षिण अफ्रीका (South Africa) में 41.9% है। वहीं रूस (Russia) में आर्थिक असमानता की स्थिति सर्वाधिक भयावह है – वहाँ के सबसे धनी 1% लोगों के पास देश की कुल सम्पत्ति में 74.5% हिस्सेदारी है।

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2) भारतीय मुद्रा रुपए (Rupee) की कीमत 24 नवम्बर 2016 को डॉलर के परिप्रेक्ष्य में अपने अब तक के सबसे निचले स्तर 68.86 रुपए प्रति डॉलर पर पहुँच गई। इससे पहले रुपए ने अपना निम्नतम स्तर कब प्राप्त किया था? – 28 अगस्त 2013

विस्तार: विदेशी पूँजी के रुपए से निकलकर डॉलर की तरफ निवेशित होने की तेज प्रवृत्ति के चलते 24 नवम्बर 2016 को रुपए की कीमत 68.86 रुपए प्रति डॉलर पर पहुँच गई। यह रुपए के इतिहास का सबसे निचला स्तर था। माना जा रहा है कि अमेरिका के निर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा अपने कार्यकाल में संरक्षणवादी रवैया अपनाए जाने की संभावना के चलते निवेशक डॉलर के भविष्य में मजबूत होने की आशंका के चलते उसमें जमकर निवेश कर रहे हैं।

उल्लेखनीय है कि इससे पहले रुपए का निम्नतम स्तर 28 अगस्त 2013 को रहा था जब एक अमेरिकी डॉलर के मुकाबले इसकी कीमत 68.85 रुपए पहुँच गई थी।

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3) भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने डिज़िटल लेने-देन पर जोर देने के उद्देश्य से प्रीपेड पेमेण्ट्स इंस्ट्रूमेण्ट्स (Prepaid Payment Instruments – PPIs) में पैसे रखने की अधिकतम सीमा (अधिकतम बैलेंस) को 22 नवम्बर 2016 को बढ़ाकर कितना कर दिया? – 20,000 रुपए

विस्तार: केन्द्र सरकार द्वारा 500 व 1000 रुपए के विमुद्रीकरण (demonetization) के फैसले के बाद देश भर में व्याप्त नकदी संकट को देखते हुए भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने 22 नवम्बर 2016 को प्रीपेड पेमेण्ट्स इंस्ट्रूमेण्ट्स (PPIs) में पैसे रखने की अधिकतम सीमा को वर्तमान 10,000 रुपए से दोगुना कर 20,000 रुपए कर दिया। केन्द्रीय बैंक का मानना है कि इससे डिज़िटल भुगतान करने में अधिक सहूलियत होगी तथा वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए नकदहीन अर्थव्यवस्था (cashless economy) को अधिक समर्थन मिले सकेगा।

इसका अर्थ हुआ कि PPIs में किसी भी समय 20,000 रुपए से अधिक बैलेंस नहीं हो सकेगा। वहीं व्यावसायिक प्रतिष्ठान इन प्रीपेड पेमेण्ट्स इंस्ट्रूमेण्ट्स से जुड़े हुए अपने बैंक खातों में एक माह में 50,000 रुपए तक धन हस्तांतरित कर सकेंगे तथा ऐसे किसी एक हस्तांतरण की कोई ऊपरी सीमा नहीं होगी।

वहीं अधिकृत PPIs जारीकर्ता (authorised PPI issuers) KYC के सभी मापदण्डों का अनुपालन करने वाले PPIs को एक लाख रुपए तक अधिकतम बैलेंस रखने की अनुमति प्रदान कर सकेंगे। RBI द्वारा जारी यह दिशानिर्देश 21 नवम्बर से 30 दिसम्बर 2016 तक मान्य होंगे।

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4) भारत (India) को मिली एक बड़ी कामयाबी के तहत चीन (China) ने भारत से किस कृषि उत्पाद के आयात (import) करने की अनुमति नवम्बर 2016 के दौरान प्रदान कर दी ताकि भारतीय उत्पादों को उसके बाजार में उपयुक्त प्रतिनिधित्व मिल सके? – चावल (Rice)

विस्तार: चीन ने भारत की 17 पंजीकृत चावल मिलों से बासमती (Basmati) तथा गैर-बासमती (non-Basmati) चावल के आयात की अनुमति नवम्बर 2016 के दौरान प्रदान कर दी। चीन की इस घोषणा को भारत के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

उल्लेखनीय है कि चीन विश्व का सबसे बड़ा चावल आयातक (world’s largest rice importer) देश है। लेकिन उसने गुणवत्ता, स्वास्थ्य तथा सुरक्षा कारणों से भारत से गैर-बासमती चावल के आयात की अनुमति नहीं प्रदान की थी क्योंकि उसका मानना था कि भारतीय चावल तमाम अपेक्षित मापदण्डों पर उपयुक्त नहीं बैठता है।

इस सम्बन्ध में भारत द्वारा चीन को तमाम बार निवेदन करने के बाद चीन के अधिकारियों के एक दल ने सितम्बर 2016 के दौरान भारत का दौरा कर राष्ट्रीय वनस्पति संरक्षण संगठन (National Plant Protection Organization – NPPO) के साथ पंजीकृत 19 मिलों का निरीक्षण किया। ये चावल मिलें पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश तथा मध्य प्रदेश में स्थित हैं। इसके बाद चीन ने 17 मिलों से बासमती तथा गैर-बासमती चावल के आयात की अनुमति प्रदान कर दी।

यहाँ यह भी उल्लेखनीय है कि भारत ने चीन के साथ उत्पादों के व्यापार के परिप्रेक्ष्य में व्यापार घाटे (trade deficit) के लगातार बढ़ने को ध्यान में रखकर चीन से उसके गैर-बासमती चावल, औषधियाँ, फल तथा सब्जी जैसे उत्पादों को बाजार में स्थान देने का निवेदन कई बार किया है।

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5) 23 नवम्बर 2016 को की गई घोषणा के अनुसार अनिल अम्बानी (Anil Ambani) के नेतृत्व वाले रिलायंस कैपिटल (Reliance Capital) ने अपने रेडियो व्यवसाय में 49% हिस्सेदारी तथा अपना सम्पूर्ण टीवी व्यवसाय किस समूह को बेचने से सम्बन्धित समझौता किया है? – ज़ी समूह (Zee Group)

विस्तार: अनिल अम्बानी समूह के तहत आने वाले रिलायंस ब्रॉडकास्ट नेटवर्क लिमिटेड (Reliance Broadcast Network Ltd – RBNL) ने सुभाष चन्द्रा (Subhash Chandra) के नेतृत्व वाले ज़ी मीडिया कॉर्प लिमिटेड (Zee Media Corp. Ltd) के साथ एक समझौता किया है जिसके तहत रिलायंस के रेडियो प्रसारण व्यवसाय की 49% हिस्सेदारी ज़ी समूह को बेच दी जायेगी।

RBNL भारत में एफएम रेडियो चैनलों का प्रसारण अपने 92.7 बिग एफएम (92.7 Big FM) ब्राण्ड के तहत करता है। इस नेटवर्क की पहुँच देश के 45 शहरों, 1200 कस्बों तथा लगभग 20 करोड़ श्रोताओं तक है। बिग एफएम को वर्ष 2006 में शुरू किया गया था।

वहीं ज़ी समूह की एक और सहयोगी कम्पनी ज़ी इंटरटेनमेण्ट इंटरप्राइजेज़ लिमिटेड (Zee Entertainment Enterprises Ltd.) रिलायंस समूह के रिलायंस जनरल इंटरटेनमेण्ट के संपूर्ण टी.वी. प्रसारण व्यवसाय को खरीद लेगी। इस व्यवसाय के तहत रिलायंस दो मनोरंजन चैनलों का प्रसारण करता है – बिग मैजिक (Big Magic) और बिग गंगा (Big Ganga)।

इन व्यवसायों में हिस्सेदारियों को बेच कर रिलायंस कैपिटल की देनेदारियों (debt) में लगभग 1900 करोड़ रुपए की कमी आयेगी।

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6) जनवरी 2017 के दौरान बंगलुरू (Bengaluru) में होने वाले 14वें प्रवासी भारतीय दिवस सम्मेलन के दौरान मुख्य अतिथि (Chief Guest) कौन होगा? – पुर्तगाली प्रधानमंत्री एंटोनियो कोस्टा (Antonio Costa)

विस्तार: पुर्तगाल (Portugal) के प्रधानमंत्री एंटोनियो कोस्टा (Antonio Costa) 14वें प्रवासी भारतीय दिवस (14th Pravasi Bharatiya Divas – PBD) सम्मेलन में मुख्य अतिथि होंगे। यह सम्मेलन 7 जनवरी से 9 जनवरी 2017 के बीच बंगलुरू में आयोजित किया जायेगा।

कोस्टा जहाँ मुख्य अतिथि की भूमिका निभायेंगे वहीं सुरीनाम (Surinam) के उप-राष्ट्रपति माइकल आश्विन सत्येन्द्रे अधिन (Michael Ashwin Satyandre Adhin) सम्मेलन में विशेष अतिथि की भूमिका में दिखाई देंगे।

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